Crypto Market Bloodbath: एक ही दिन में निवेशकों के ₹11 लाख करोड़ स्वाहा, क्या Bitcoin की गिरावट और गहराएगी?

क्रिप्टो मार्केट अपडेट: ग्लोबल क्रिप्टो बाजार के लिए पिछला 24 घंटा किसी डरावने सपने से कम नहीं रहा। निवेशकों के बीच अफरा-तफरी का माहौल है क्योंकि देखते ही देखते बाजार से करीब ₹11 लाख करोड़ ($0.12 Trillion) के डॉलर भाप बनकर उड़ गई। बिटकॉइन जो कुछ समय पहले तक ऑल टाइम हाय पर चल रहा था, अब $86,000 के स्तर के नीचे संघर्ष कर रहा है। कहते हैं की बिगड़ी का कोई मोल नहीं वह कहावत सच है। 
आखिर अचानक ऐसा क्या हुआ कि पूरे मार्केट में 'रेड सिग्नल' नजर आने लगा? आइए इस क्रैश की हर छोटी-बड़ी वजह का बारीकी से आपको बताने का प्रयास करेंगे हम। 

1. बाजार का ताज़ा हाल: Crypto market मैं छाया सन्नाटा,
आज यानी 16 दिसंबर 2025 की सुबह जब निवेशकों ने अपने पोर्टफोलियो चेक किए, तो वहां भारी गिरावट दर्ज की गई।
मार्केट कैप में सेंध: सोमवार (15 दिसंबर) को जो ग्लोबल क्रिप्टो मार्केट कैप 3.05 ट्रिलियन डॉलर पर था, वह मंगलवार सुबह लुढ़ककर 2.93 ट्रिलियन डॉलर पर आ गया।
बिकवाली का दबाव: सिर्फ 24 घंटों के भीतर ग्लोबल मार्केट कैप में 3.75% की बड़ी सेंध लगी है। मार्केट के हिसाब से बड़े कॉइन्स की स्थिति (Price Action)





2. 'Extreme Fear' जोन में पहुंचा बाजार
मार्केट के सेंटीमेंट को मापने वाला 'Fear and Greed Index' इस वक्त चीख-चीख कर खतरे का संकेत दे रहा है। यह इंडेक्स गिरकर 21 के स्तर पर आ गया है।
सरल शब्दों में समझें: जीरो से 100 के स्केल पर 21 का मतलब है कि बाजार में 'अत्यधिक डर' का माहौल है। जब यह इंडेक्स इतना नीचे होता है, तो साफ है कि बड़े निवेशक (Whales) भी फिलहाल हाथ डालने से कतरा रहे हैं।
3. इस महा-गिरावट के पीछे के 3 'विलेन'
मार्केट एक्सपर्ट्स ने इस क्रैश के लिए तीन बड़े कारणों को जिम्मेदार ठहराया है:
A. फेडरल रिजर्व की सख्ती
अमेरिकी केंद्रीय बैंक (Federal Reserve) द्वारा ब्याज दरों में कटौती को लेकर जो उम्मीदें बनी थीं, उन पर पानी फिरता नजर आ रहा है। जब तक ब्याज दरें ऊंची रहेंगी, क्रिप्टो जैसे जोखिम भरे एसेट्स में निवेश कम होता रहेगा।
B. डोनाल्ड ट्रंप की नई आर्थिक नीतियां
अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप की वापसी के बाद उनकी 'टैरिफ पॉलिसी' को लेकर बाजार में भारी अनिश्चितता है। ट्रेड वॉर की आशंकाओं के बीच निवेशक अपना पैसा सुरक्षित ठिकानों (जैसे सोना या डॉलर) में शिफ्ट कर रहे हैं।

__ अक्टूबर के 'पीक' से मुनाफावसूली
याद दिला दें कि अक्टूबर 2025 में बिटकॉइन $1.25 लाख के करीब पहुंच गया था। ऊंचे स्तरों पर बैठे निवेशकों ने अब बड़े पैमाने पर प्रॉफिट बुकिंग (मुनाफावसूली) शुरू कर दी है, जिससे कीमतों पर दबाव बढ़ गया।
बिस्तक की राय: निवेशकों को अब क्या करना चाहिए?
क्रिप्टो बाजार की यह हलचल फिलहाल रुकती नहीं दिख रही। आने वाले समय में जियोपॉलिटिकल तनाव और अमेरिकी आर्थिक आंकड़े यह तय करेंगे कि बाजार संभलेगा या और नीचे जाएगा।
सावधानी जरूरी है: ध्यान रखें कि यह रिपोर्ट केवल आपकी जानकारी के लिए है। क्रिप्टो मार्केट में उतार-चढ़ाव बहुत तेज होते हैं, इसलिए कोई भी , इन्वेस्ट करने से पहले खुद की रिसर्च करें या अपने फाइनेंशियल एक्सपर्ट से सलाह लें। बिना सोचे-समझे किया गया निवेश जोखिम भरा हो सकता है।

हमारी दोबारा आर्टिकल में बताएगी जानकार कुछ दिनों पहले की है रिसर्च करने में कुछ टाइम लगता है। 
आपको एक सटीक और भरोसेमंद जानकारी देने के लिए हम सदा आपके लिए तैयार हैं। मेरी टीम

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